Posts

बिटकॉइन का भवष्य क्या होगा ?

Image
पिछले वर्षों की स्थिति को देखते हुए बिटकॉइन का भविष्य  2024 में बहुत ही अच्छा होने वाला है । विशेषज्ञों का मानना है कि वर्ष 2024 में बिटकॉइन पर उछाल देखने को मिल सकता है। जैसे कि पिछले वर्षों में भी क्रिप्टो Crash के बाद उछाल देखने को मिलता है। क्रिप्टोकरेंसी के ख़रीद-बिक्री के लिए भारत में इस समय 19 क्रिप्टो एक्सचेंज मार्केट हैं जिनमें वज़ीरएक्स का नाम पिछले दिनों सुर्ख़ियों में था. केंद्र सरकार के एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ईडी) ने वज़ीरएक्स के संस्थापक और निदेशक निश्चल शेट्टी को विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) 1999 के क़ानून के तहत 2,971 करोड़ रुपये के क्रिप्टोकरेंसी के लेनदेन का हिसाब देने को कहा है. ईडी ने वज़ीरएक्स पर अपने उपयोगकर्ताओं की 'नो योअर कस्टमर' (केवाईसी) यानी ग्राहक वेरिफ़िकेशन के लिए आवश्यक दस्तावेज़ नहीं लेने का आरोप लगाया है. ईडी के अनुसार, वज़ीरएक्स का इस्तेमाल कुछ चीनी नागरिकों ने अपने वज़ीरएक्स वॉलेट में राशि जमा करके किया. वज़ीरएक्स के संस्थापक शेट्टी ने जवाब में तीन ट्वीट किए और इस इल्ज़ाम को नकारते हुए ईडी के साथ पूरा सहयोग का वादा किया.

ब्लॉकचैन कैसे काम करती है क्रिप्टो में........।

Image
ब्लॉकचेन तकनीक को सबसे सरल रूप से एक विकेन्द्रीकृत, वितरित खाता बही के रूप में परिभाषित किया जाता है जो एक डिजिटल संपत्ति के उद्भव को रिकॉर्ड करता है । आसान भाषा में कहें तो ये सिर्फ डिजिटल करेंसी बल्की किसी भी चीज को डिजिटल बनाकर उसका रिकॉर्ड रखता है। ब्लॉकचेन पर डेटा को संशोधित नहीं किया जा सकता है। इतिहास   से   पता   चलता   है   कि   विकेंद्रीकृत   डिजिटल   धन   बनाने   के   लिए   कई   प्रयास   किए   गए   हैं ,  जिसने  2008  के   अंत   तक   कभी   भी   सफलता   प्राप्त   नहीं   की  थी,  जब  सबसे  पहली   कोडित  मुद्रा   या   क्रिप्टोकरेंसी   अस्तित्व   में   आई ,  जिसे  ‘ बिटकॉइन ‘  के   रूप   में   जाना   जाता   है। प्रत्येक   कानूनी   निविदा   या   आधुनिक – समय  की   मुद्रा  विश्वास कारक  पर   काम   करती ...

क्रिप्टोकररेंसी पर मनी लॉन्ड्रिंग के नियम लगा सकती है सरकार ?

Image
  क्रिप्टोकररेंसी में एक डिजिटल वॉलेट ,एसेट और पेमेंट ट्रांसफर की सहूलत होने की  सम्भावना होने के बावजूद इसमें मनी लॉन्ड्रिंग और आतंकवाद फंडिंग की रिस्क देखि जा रही है! इसीलिए सरकार अब और सख्त रवैया अपना सकती है, और मनी लॉन्ड्रिंग के क़ानूनी नियम लगा  सकती है!  हालांकि  भारतीय सरकार अभी तक कोई ठोस कानून और नियम तय नहीं कर पाई है, पर आर बी आई गवर्नर ने क्रिप्टोकररेंसी को बंद करने की सलाह दी है ! मनी लॉन्ड्रिंग में क्रिप्टो को शामिल करने से क़ानूनी शाखाओ को और भी ज्यादा अधिकार मिल जायेंगे जिस से की इसका देश के बहार हो रहे  देश के खिलाफ गलत कामो पर  रोक लगाई जा सके!